नेशनल हाईवे पर सफर करने वाले वाहन चालकों के लिए बड़ी खबर है, यूं कहें तो राहत देने वाली खबर है। अब हरियाणा के करनाल जिले में स्थित बसताड़ा टोल प्लाजा पर अब टोल टैक्स भरने के लिए वाहनों को रुकना नहीं पड़ेगा। यहां पर ऑटोमैटिक टोल कट जाएगा। बताया जा रहा है कि बसताड़ा टोल प्लाजा पर मल्टी लेन फ्री फ्लो (MLFF) सिस्टम लगभग तैयार है। यह भारत का दूसरा ऐसा हाईटेक टोल प्लाजा होगा, जहां ऑटोमैटिक टोल कट जाएगा।
अधिकारियों के अनुसार, यह व्यवस्था उच्च-प्रदर्शन वाले रेडियो-फ्रीक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) रीडर और स्वचालित नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरों के जरिए FASTag और वाहन पंजीकरण संख्या (VRN) का उपयोग करके बिना रुकावट इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह को संभव बनाएगी। बसताड़ा टोल प्रबंधक मुकेश शर्मा ने बताया कि उपकरणों की स्थापना का काम चल रहा है, जिसके बाद बूथ और बैरियर हटा दिए जाएंगे। उनके अनुसार, यह सिस्टम 26 जनवरी तक चालू होने की संभावना है।
बता दें कि एनएच-44 (पानीपत-जालंधर) पर करीब 500 मीटर क्षेत्र में फैला करनाल टोल प्लाजा घरौंडा उपमंडल के अंतर्गत आता है और यह भारत में MLFF से लैस होने वाली दूसरी ऐसी सुविधा है। सबसे पहले एनएच-48 पर गुजरात के चोर्यासी टोल प्लाजा को NHAI द्वारा प्रवर्तित कंपनी इंडियन हाइवेज मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड (IHMCL) और आईसीआईसीआई बैंक के बीच समझौते के तहत देश का पहला बाधा-मुक्त टोल प्लाजा बनाया गया था।
यह समझौता 30 अगस्त को नई दिल्ली स्थित NHAI मुख्यालय में NHAI के अध्यक्ष संतोष कुमार यादव और NHAI, IHMCL तथा आईसीआईसीआई बैंक के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में हस्ताक्षरित हुआ था। तब संतोष यादव ने कहा था कि प्रौद्योगिकी का उपयोग करके यह व्यवस्था अधिक कुशल, पारदर्शी और उपयोगकर्ता-अनुकूल टोलिंग सिस्टम की नींव रखेगी तथा इसे पूरे देश में लागू करने का रास्ता साफ करेगी। रिपोर्ट के अनुसार, NHAI देशभर में लगभग 25 राष्ट्रीय राजमार्ग टोल प्लाजाओं पर इस सिस्टम को लागू करेगा।
