उत्तराखंड में लगातार दूसरे दिन आसमान से आग बरस रही है। तेज गर्म हवाएं झुलसा रही हैं। सुबह से ही सूरज का पारा चढ़ रहा है। गुरुवार को सुबह नौ बजे ही तापमान 32 डिग्री तक पहुंच गया और दोपहर को एक बजे के आसपास 41 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया। राजधानी देहरादून का औसत तापमान लगातार दूसरे दिन सामान्य से पांच डिग्री ज्यादा 40.2 डिग्री रहा। शहर की हालत यह है कि दिन में अघोषित कर्फ्यू नजर आ रहा है। सड़कों पर सन्नाटा छाया हुआ है और लोग बेहाल हैं।
तेज धूप एवं गर्म हवाओं ने वातावरण की पूरी नमी सोख ली है। दोपहर में आद्रता 24 फीसदी तक पहुंच गई। वातावरण में नमी कम हो जाने से लोगों को आंखों, त्वचा एवं ईएनटी, पेट संबंधी समस्याएं घेर रही है। 30 फीसदी आद्रता से नीचे पर यह समस्याएं उत्पन्न हो जाती है। सामान्य आद्रता 30 से 60 फीसदी तक होनी चाहिए, इससे ऊपर नीचे होने पर स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें होती है। उधर, दून में एयर क्वालिटी इंडेक्स भी अब बढ़कर 115 पर पहुंच गया है।
बाजारों-सड़कों में सन्नाटा, बेहाल दिखे लोग
बेहताशा गर्मी से शहर में लोग बेहाल नजर आए। दोपहर को तो आलम यह रहा कि सड़कों एवं बाजारों में लोग एवं वाहन कम दिखे, सन्नाटा जैसा आलम रहा। सूरज की तपिश से बेहाल लोग छाता, दुपटटों आदि से अपने आप को ढ़कते दिखे। वहीं, आंखों पर चश्मा एवं छतरी के बिना काम नहीं चला।
ठंडी छांव दे रहे दो सौ साल पुराने पेड़
जहां खुले आसमान के नीचे झुलसाने वाली धूप और 40 डिग्री सेल्सियस की गर्मी दून वासियों को बेहाल कर रही है। वहीं कचहरी परिसर में सालों से खड़ा एक पेड़ रोजाना सैकड़ों लोगों को ठंडी छांव के साथ रोजगार भी दे रहा है। करीब दो सौ साल पुराने इस पेड़ के नीचे दिनभर वकील, पुलिसकर्मी, आम लोग और ना जाने कितने लोग थोड़ी देर के लिए राहत की सांस लेते हैं। वहीं दर्जनों ठेली वाले अपना कारोबार भी इस पेड़ की छांव में करते हैं।
तपती गर्मी के बीच इसकी शीतल छांव में उनको ग्राहक भी बड़ी संख्या में मिलते हैं। कचहरी, पुलिस आफिस और रजिस्ट्रार कार्यालय सहित आसपास के कार्यालयों में आने वाले लोग भी इसकी शीतल छांव में खड़े होकर कुछ देर के लिए तपती गर्मी में राहत पाते हैं।
शिक्षाविद और पर्यावरण प्रेमी लोकेश ओहरी बताते हैं कि ये पेड़ करीब दो सौ से तीन सौ साल पुराना है। जो सालों से इस जगह की पहचान और एक पनाह के रूप में खड़ा है। पर्यावणविद सौम्या प्रसाद के अनुसार ये पेड़ हजारों लोगों को राहत के साथ रोजगार भी दे रहा है। कहा कि पेड़ों की अहमियत समझनी चाहिए।
सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक धूप में न निकलें
दून समेत अन्य जिलों में लगातार बढ़ रहे तापमान और भीषण गर्मी के मद्देनजर मौसम विभाग ने आगामी 48 घंटों के लिए हीट वेव (लू) का अलर्ट जारी किया है। विशेषज्ञों ने पूर्वाह्न 11 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलने की बात कही है।
मौसम विभाग के अनुसार देहरादून, हरिद्वार, पौड़ी, ऊधम सिंह नगर, नैनीताल और उत्तरकाशी के मैदानी इलाकों में पारा 40 डिग्री और पर्वतीय क्षेत्रों में 30 डिग्री सेल्सियस के पार जा सकता है। वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. एसके झा ने विशेषकर बच्चों, बुजुर्गों और कामकाजी लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
दोपहर 11 बजे से शाम 4 बजे तक अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें। जरूरी काम होने पर सिर को छाते या सूती कपड़े से ढककर ही बाहर जाएं। दिनभर पर्याप्त पानी, नींबू पानी, छाछ और मौसमी फलों का सेवन करें। चक्कर आने, सिरदर्द, तेज बुखार या उल्टी जैसे लक्षण दिखने पर तुरंत अस्पताल से संपर्क करें।
आपातकाल के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी
जिला प्रशासन ने आपातकालीन परिचालन केंद्र को सक्रिय कर दिया है। किसी भी सहायता या शिकायत के लिए नागरिक हेल्पलाइन नंबर 2726066, 2626066 या व्हाट्सएप नंबर 7534826066 पर संपर्क कर सकते हैं।
हरिद्वार में 41.8 डिग्री तापमान ने बढ़ाई तपिश
हरिद्वार। धर्मनगरी में गुरुवार को भीषण गर्मी ने लोगों को बेहाल कर दिया। पूरा दिन लोग उमस और गर्मी से जूझते रहे। सुबह के समय तपती धूप ने लोगों के पसीने निकाल दिए। दोपहर के समय धूप की तपिश, उमस और गर्मी के बीच लोगों को आवाजाही में दिक्कत हुई। वहीं, आईआईटी कृषि मौसम वेधशाला के अनुसार गुरुवार को अधिकतम तापमान 41.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। पिछले चार दिनों से अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर बना हुआ है।

