प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे देश को समर्पित करेंगे। इस एक्सप्रेसवे की शुरुआत के बाद दिल्ली से कटरा पहुंचने में मात्र 6 घंटे लगेंगे। इससे पहले दिल्ली से कटरा पहुंचने में 14 घंटे लगते थे। इस तरह इस एक्सप्रेसवे के चालू होने के बाद कुल 8 घंटों की बचत होगी। इस एक्सप्रेसवे से ना सिर्फ कटरा जाने वालों को बल्कि पंजाब के कई शहरों के लिए दिल्ली से लगने वाले समय में कमी आएगी। एक्सप्रेसवे से जाने पर दिल्ली और अमृतसर की दूरी 8 घंटे से घटकर 4 घंटे हो जाएगी। पीएमओ से मिली जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को हरियाणा के जींद में अपनी यात्रा के दौरान ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के 157.92 किलोमीटर लंब फोरलेन पैकेज को देश को समर्पित करेंगे। इस ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे को 9,680 करोड़ रुपए की लागत से बनाया गया है। इसके बाद पीएम मोदी पंजाब के जलंधर में एक्सप्रेसवे के 30.9 क्लीमोटर लंबे पैकेज 6 का उद्घाटन करेंगे।
क्या-क्या होगा फायदा
दिल्ली से कटरा तक इस एक्सप्रेसवे की कुल लंबाई 667 किलोमीटर है। इस कॉरिडोर के बनने के बाद नेशनल हाईवे पर भीड़ कम हो जाएगी। इससे माता वैष्णो देवी जाने वाले तीर्थयात्रियों और पर्यटकों की संख्या बढ़ने के साथ ही इसके किनारों पर औद्योगिक और लॉजिस्टिक्स विकास को भी बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही अब दिल्ली से अमृतसर महज 4 घंटों में और दिल्ली से कटरा महज 6 घंटों में पहुंचा जा सकेगा।
बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हरियाणा के जींद से अपनी यात्रा की शुरुआत करेंगे, जहां जींद रेलवे स्टेशन से पीएम मोदी जींद और सोनीपत के बीच चलने वाली देश की पहली हाईड्रोजन ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। इस यात्रा के दौरान पीएम मोदी जींद के एकलब्य स्टेडियम में 14,700 करोड़ रुपए की अलग-अलग विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे और उन्हें देश को समर्पित करेंगे।
क्या होती है हाईड्रोजन ट्रेन
स्वदेशी तकनीक से विकसित हुई हाईड्रोजन ट्रेन हाईड्रोजन फ्यूल सेल से चलती है। इससे बिजली पैदा होती है और धुएं की जगह मात्र जलवाष्प बाहर निकलता है। इस वजह से कार्बन उत्सर्जन शून्य हो जाता है।मिली जानकारी के अनुसार, इस ट्रेन में 10 कोच और 3200 हॉर्सपावर का इंजल लगा हुआ है। इस तरह अब हाईड्रोजन फ्यूल से चलने वाली ट्रेन चलाने वाले देशों में भारत का नाम भी शामिल हो गया है। इससे पर्यावरण को क्षति नहीं पहुंचेगी।इसके अलावा, प्रधानमंत्री भिवानी में पंडित नेकी राम शर्मा सरकारी मेडिकल कॉलेज, नारनौल में महर्षि च्यवन मेडिकल कॉलेज और राव तुला राम अस्पताल का उद्घाटन करेंगे। साथ ही, वह कुरुक्षेत्र में सिख संग्रहालय की आधारशिला भी रखेंगे, जो आधुनिक तकनीक के जरिए सिख गुरुओं के इतिहास और विरासत को दिखाएगा।

