द्रोणा महोत्सव 2026 का पहला दिन उत्साह, उमंग और सांस्कृतिक रंगों से सराबोर रहा। 13 फरवरी को सहस्त्रधारा / आई.टी. पार्क रोड स्थित आयोजन स्थल पर बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ी। सुबह से ही मेले में रौनक देखने को मिली और देर शाम तक आगंतुकों का आना-जाना लगातार जारी रहा।
महोत्सव के पहले ही दिन लोगों ने स्थानीय कारीगरों और शिल्पकारों द्वारा बनाए गए उत्पादों में गहरी रुचि दिखाई। हैंडलूम, जूट, बांस एवं फाइबर उत्पाद, आयुष एवं हर्बल सामग्री, पारंपरिक आभूषण और गृह सज्जा की वस्तुओं की जमकर खरीदारी की गई। आगंतुकों ने न केवल उत्पाद खरीदे, बल्कि कारीगरों से संवाद कर उनकी कला और मेहनत की सराहना भी की, जिससे शिल्पकारों का उत्साह और आत्मविश्वास दोनों बढ़ा।
आयोजकों ने पहले दिन मिली अपार सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि जनता का यह सहयोग स्थानीय कारीगरों के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने बताया कि द्रोणा महोत्सव का मुख्य उद्देश्य स्थानीय उद्यमियों और शिल्पकारों को एक सशक्त बाजार उपलब्ध कराना है, और पहले दिन की सकारात्मक प्रतिक्रिया इस दिशा में एक मजबूत शुरुआत है।
द्रोणा महोत्सव 22 फरवरी तक जारी रहेगा और आयोजकों ने आम जनता से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा दें और इस सांस्कृतिक उत्सव का हिस्सा बनें।



