मानसून का सीजन कुछ फलों को लेकर आता है, जिसमें एक होता है हरा-हरा नाशपाती। नाशपाती खाना कई लोगों को पसंद होता है और ये सेहत के लिए फायदेमंद भी होता है। इसमें फाइबर, विटामिन सी, विटामिन के, और पोटेशियम का अच्छा स्रोत होता है, जो शरीर के लिए फायदेमंद माना जाता है। नाशपाती बच्चों से बूढ़ों तक के लिए अच्छी होती है लेकिन कई बार हम अनजाने में खट्टी और सख्त नाशपाती खरीद लेते है, जिसे खाने में मजा नहीं आता। अगर आप भी मीठी-रसीली नाशपाती खाना पसंद करते हैं, तो उसे पहचानने के लिए सिर्फ 4 तरीके जान लीजिए। बेहटा गोकुल गांव के किसान मनोज का कहना है कि नाशपाती मीठी और ताजी है या नहीं ये पता किया जा सकता है।
नाशपाती मीठी है या खट्टी?
कम पकी हुई नाशपाती खट्टी और थोड़ी सख्त होती है, जिसे खाने में कठिनाई होती है और साथ ही स्वाद भी अच्छा नहीं लगता। मीठी-रसीली नाशपाती लोग खाना ज्यादा पसंद करते हैं और इसे चबाने में मेहनत भी कम लगती है। हालांकि, नाशपाती को सिर्फ ऊपर से देखने पर ये पता नहीं चलता कि कौन सी मीठी है। सभी नाशपाती का रंग हरा ही होता है और ऐसे में हमेशा कन्फ्यूजन हो जाती है। आपको हम 3 बातें बताते हैं, जिससे नाशपाती को आप सही से चुन सकेंगे।
नाशपाती को चेक करने का एक तरीका है चेक द नेक वाला। इसका मतलब हुआ कि नाशपाती की गर्दन यानी डंडी के पास दबाकर चेक करें। अगर वह हिस्सा हल्का दब रहा है और गुलगुला लग रहा है, तो नाशपाती पूरी तरह से पकी हुई है और मीठी होगी।
नाशपाती पकने पर हरे से हल्के पीले रंग में तब्दील हो जाती है, जिससे आप उसकी मिठास का पता लगा सकते है। हल्के हरे-पीले रंग वाली नाशपाती खरीद सकते हैं और उसकी नेक भी चेक करना न भूलें।
नाशपाती के छिलके को भी गौर से देखना जरूरी है। छिलका अगर चिकना है तो इसका मतलब हुआ नाशपाती ताजी और मीठी है। नाशपाती पर हल्के-फुल्के धब्बे या खरोंच होना नॉर्मल है लेकिन अगर वह ज्यादा कटी-फटी हो तो न खरीदें। ऐसी नाशपाती अंदर से सड़ी हो सकती है।
अगर आपको इन ट्रिक्स से मीठी नाशपाती चुनना समझ नहीं आ रहा है, तो दुकानदार से कहें कि उसे काटकर दें। आप नाशपाती खाकर पता कर सकते हैं कि वह मीठी है या नहीं और उसके बाद उसी तरह की बाकि भी खरीद लें।

